<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?><rss version="2.0"
	xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
	xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/"
	xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
	xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
	xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/"
	xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/"
	>

<channel>
	<title>पिछले एक साल से कर्मकार कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष के खिलाफ थे मुखर Archives - Ad Event Media</title>
	<atom:link href="https://adeventmedia.com/tag/%e0%a4%aa%e0%a4%bf%e0%a4%9b%e0%a4%b2%e0%a5%87-%e0%a4%8f%e0%a4%95-%e0%a4%b8%e0%a4%be%e0%a4%b2-%e0%a4%b8%e0%a5%87-%e0%a4%95%e0%a4%b0%e0%a5%8d%e0%a4%ae%e0%a4%95%e0%a4%be%e0%a4%b0-%e0%a4%95%e0%a4%b2/feed/" rel="self" type="application/rss+xml" />
	<link>https://adeventmedia.com/tag/पिछले-एक-साल-से-कर्मकार-कल/</link>
	<description>Know the world</description>
	<lastBuildDate>Thu, 30 Sep 2021 09:52:46 +0000</lastBuildDate>
	<language>en-US</language>
	<sy:updatePeriod>
	hourly	</sy:updatePeriod>
	<sy:updateFrequency>
	1	</sy:updateFrequency>
	<generator>https://wordpress.org/?v=6.9.4</generator>

<image>
	<url>https://adeventmedia.com/wp-content/uploads/2024/11/cropped-AEM-32x32.png</url>
	<title>पिछले एक साल से कर्मकार कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष के खिलाफ थे मुखर Archives - Ad Event Media</title>
	<link>https://adeventmedia.com/tag/पिछले-एक-साल-से-कर्मकार-कल/</link>
	<width>32</width>
	<height>32</height>
</image> 
	<item>
		<title>पिछले एक साल से कर्मकार कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष के खिलाफ थे मुखर</title>
		<link>https://adeventmedia.com/%e0%a4%aa%e0%a4%bf%e0%a4%9b%e0%a4%b2%e0%a5%87-%e0%a4%8f%e0%a4%95-%e0%a4%b8%e0%a4%be%e0%a4%b2-%e0%a4%b8%e0%a5%87-%e0%a4%95%e0%a4%b0%e0%a5%8d%e0%a4%ae%e0%a4%95%e0%a4%be%e0%a4%b0-%e0%a4%95%e0%a4%b2/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[AEM 'Web_Wing']]></dc:creator>
		<pubDate>Thu, 30 Sep 2021 09:52:45 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Uttarakhand]]></category>
		<category><![CDATA[पिछले एक साल से कर्मकार कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष के खिलाफ थे मुखर]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://adeventmedia.com/?p=44882</guid>

					<description><![CDATA[<p>उत्तराखंड भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष पद से शमशेर सिंह सत्याल की विदाई की पटकथा लिखने में श्रम मंत्री डा हरक सिंह रावत की नाराजगी ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के करीबी सत्याल की बोर्ड के अध्यक्ष पद पर नियुक्ति से लेकर उनके कार्यकाल में हुए कार्यों</p>
<p>The post <a href="https://adeventmedia.com/%e0%a4%aa%e0%a4%bf%e0%a4%9b%e0%a4%b2%e0%a5%87-%e0%a4%8f%e0%a4%95-%e0%a4%b8%e0%a4%be%e0%a4%b2-%e0%a4%b8%e0%a5%87-%e0%a4%95%e0%a4%b0%e0%a5%8d%e0%a4%ae%e0%a4%95%e0%a4%be%e0%a4%b0-%e0%a4%95%e0%a4%b2/">पिछले एक साल से कर्मकार कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष के खिलाफ थे मुखर</a> appeared first on <a href="https://adeventmedia.com">Ad Event Media</a>.</p>
]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p>उत्तराखंड भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष पद से शमशेर सिंह सत्याल की विदाई की पटकथा लिखने में श्रम मंत्री डा हरक सिंह रावत की नाराजगी ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के करीबी सत्याल की बोर्ड के अध्यक्ष पद पर नियुक्ति से लेकर उनके कार्यकाल में हुए कार्यों को लेकर हरक लगातार मुखर थे। माना जा रहा कि दो दिन पहले श्रम मंत्री ने दिल्ली में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से हुई मुलाकात के दौरान भी यह विषय रखा। इसके बाद सरकार ने बोर्ड के पुनर्गठन का फैसला लिया। जाहिर है कि इस लड़ाई में हरक सिंह आखिरकार भारी पड़े।</p>



<div class="wp-block-image"><figure class="aligncenter"><img decoding="async" src="http://choicetimes.org/wp-content/uploads/2021/09/harak.jpg" alt="" class="wp-image-10895"/></figure></div>



<p>जब बोर्ड के अध्यक्ष पद से श्रम मंत्री को हटाकर उनकी जगह सत्याल को यह जिम्मा सौंपा गया तो रावत ने इस पर कड़ा एतराज जताया था। उनका कहना था कि यह नियमों के विपरीत है। बोर्ड अध्यक्ष के लिए तीन साल के नियम का मानक बाहर से नियुक्त किए जाने वाले अध्यक्ष के लिए है, श्रम मंत्री के लिए नहीं। हालांकि, तब तत्कालीन त्रिवेंद्र सरकार ने पूरे बोर्ड को बदल दिया था। इसके बाद सत्याल की अध्यक्षता वाले बोर्ड ने पिछले बोर्ड के फैसले पलटे तो हरक ने इस पर भी कड़ी नाराजगी जताई।</p>



<p>यही नहीं, सरकार में नेतृत्व परिवर्तन होने के बाद हरक सिंह रावत फिर सत्याल के खिलाफ मुखर हुए, लेकिन तब बोर्ड के सचिव की जिम्मेदारी देख रहीं श्रमायुक्त से यह जिम्मा वापस लिया गया। हालांकि, तब भी सत्याल को हटाने की बात कही गई थी, लेकिन ऐसा नहीं हो पाया। सरकार में दोबारा नेतृत्व परिवर्तन के बाद हरक ने अपनी मुहिम जारी रखी। उन्होंने मुख्यमंत्री के साथ ही पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व के समक्ष भी यह मसला रखा और आखिरकार बोर्ड से सत्याल की छुट्टी हो गई। उधर, सत्याल से काफी प्रयासों के बाद भी फोन पर संपर्क नहीं हो पाया।</p>



<p><strong>सालभर से चर्चा में रहा बोर्ड</strong></p>



<p>कर्मकार कल्याण बोर्ड पिछले साल अक्टूबर से लगातार सुर्खियों में रहा। इसी दौरान पिछले बोर्ड के कार्यकाल में साइकिल वितरण में गड़बड़ी का मामला खूब उछला तो बोर्ड से कोटद्वार में ईएसआइ अस्पताल के लिए 20 करोड़ की राशि बतौर ऋण के रूप में दिए जाने का मामला भी छाया रहा। तत्कालीन त्रिवेंद्र सरकार ने बोर्ड से ऋण देने के प्रकरण की एक आइएएस से जांच कराई। इसकी जांच रिपोर्ट पहले ही शासन को सौंपी जा चुकी है, जिसमें चार कार्मिकों के खिलाफ कार्रवाई की सिफारिश की गई थी। हालांकि, यह मसला अभी लंबित है।</p>



<p><strong>सत्याल और सचिव में ठनी रही</strong></p>



<p>सरकार में पहले नेतृत्व परिवर्तन के बाद जब बोर्ड के सचिव पद पर हरिद्वार की उपश्रमायुक्त की नियुक्ति की गई तो सचिव और सत्याल के बीच लगातार टकराव बना रहा। सचिव ने पूर्व में उपनल के माध्यम से बोर्ड में रखे गए चार कर्मियों को वापस किया तो सत्याल ने इस पर नाराजगी जताई। बाद में सत्याल की अध्यक्षता में हुई बोर्ड की बैठक में सचिव को हटाने का प्रस्ताव पारित कर शासन को भेजा गया था। साथ ही उन बैंकों को भी इस बारे में पत्र भेजे गए, जिनमें बोर्ड के खाते संचालित हैं। यद्यपि, तब शासन ने इस पर कोई निर्णय नहीं लिया था।</p>



<p><strong>शासन को करना पड़ा हस्तक्षेप</strong></p>



<p>कर्मकार कल्याण बोर्ड में विवाद के बाद नियंत्रक एवं महालेखापरीक्षा (कैग) ने बोर्ड के कामकाज का आडिट किया। इसके बाद कैग ने आडिट आपत्तियों के संबंध में बोर्ड से जवाब मांगे तो उत्तर देने में भारी हीलाहवाली बरती गई। बाद में शासन ने इस सख्त रुख अपनाया और फिर बोर्ड ने आनन-फानन कैग को जवाब भेजे।</p>
<p>The post <a href="https://adeventmedia.com/%e0%a4%aa%e0%a4%bf%e0%a4%9b%e0%a4%b2%e0%a5%87-%e0%a4%8f%e0%a4%95-%e0%a4%b8%e0%a4%be%e0%a4%b2-%e0%a4%b8%e0%a5%87-%e0%a4%95%e0%a4%b0%e0%a5%8d%e0%a4%ae%e0%a4%95%e0%a4%be%e0%a4%b0-%e0%a4%95%e0%a4%b2/">पिछले एक साल से कर्मकार कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष के खिलाफ थे मुखर</a> appeared first on <a href="https://adeventmedia.com">Ad Event Media</a>.</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
	</channel>
</rss>

<!--
Performance optimized by W3 Total Cache. Learn more: https://www.boldgrid.com/w3-total-cache/?utm_source=w3tc&utm_medium=footer_comment&utm_campaign=free_plugin

Page Caching using Disk: Enhanced 

Served from: adeventmedia.com @ 2026-05-28 20:48:42 by W3 Total Cache
-->